सहज उपलब्ध जन सरोकार से जुड़े राजनेता हैं मदन कौशिक

* कुशल नेतृत्व क्षमता , बेहतर प्रबंधन के माहिर व्यक्ति
* जन सरोकार के मामलों में भागीदारी करने वाले राजनेता
* राज्य में शहरी विकास , पेयजल सहित कई जनोपयोगी कार्य को प्रयत्नशील
हरिद्वार से चार बार विधायक चुने गए मदन कौशिक उत्तराखंड सरकार में शहरी विकास, आवास, जनगणना, पुनर्गठन एवं निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालय संभाल रहे हैं. उनकी भरोसेमंद छवि और काबिलियत की वजह से उत्तराखंड सरकार में उनका कद दिनोंदिन बढ़ रहा है. प्रदेश सरकार ने उन्हें अपना प्रवक्ता भी नियुक्त किया है.

जैसा कि कहा जाता है, व्यक्ति अपनी कार्यशैली से समाज एवं राष्ट्र में अपना स्थान बनाता है, मदन कौशिक ने उस उक्ति को सार्थक किया है. 11 जनवरी 1965 को जनपद हरिद्वार के ग्राम इमली खेड़ा के एक धर्मनिष्ठ ब्राह्मण परिवार में जन्मे कौशिक की प्रारम्भिक शिक्षा प्राथमिक विद्यालय गांव में ही हुई. इसके बाद उन्होंने गुरूकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय से बीएससी की उपाधि प्राप्त की. अपने मधुर व्यवहार और संघर्षशीलता के लिए प्रदेश में एक अलग पहचान रखने वाले कौशिक भारतीय जनता पार्टी के एक समर्पित, निष्ठावान एवं परिश्रमी कार्यकर्ता रहे हैं. उन्होंने बजरंग दल व भारतीय जनता पार्टी में कई सालों तक महत्वपूर्ण पदों पर रहकर कार्य किया है. वर्ष 2000 में कौशिक ने भारतीय जनता पार्टी के जिला महामंत्री एवं जिलाध्यक्ष, हरिद्वार के रूप में संगठन को गतिशील बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की.

वर्ष 2002 के उत्तरांचल विधान सभा चुनाव में हरिद्वार विधान सभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी के रूप में पहली बार विधायक बने. वर्ष 2007 के उत्तराखण्ड विधान सभा चुनाव में भाजपा ने एक बार फिर कौशिक को हरिद्वार विधान सभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाया, उन्होंने चुनाव में इतिहास रचते हुए 29,000 से भी अधिक वोटों से जीत कर पूरे उत्तराखण्ड में सबसे ज्यादा वोटों से जीत के अंतर का रिकार्ड बनाया.

कौशिक की योग्यता और लोकप्रियता को देखते हुए तत्कालीन मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूरी ने उनको कैबिनेट मंत्री का दायित्व देते हुए विद्यालयी शिक्षा, गन्ना विकास, चीनी उद्योग, पर्यटन, शहरी विकास, संस्कृत शिक्षा एवं आबकारी जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालयों का कार्यभार भी सौंपा था. जनता ने अपना अटूट विश्वास जताते हुए उन्हें विकास पुरूष का खिताब दिया और तीसरी बार फिर वर्ष 2012 में वे हरिद्वार से विधान सभा सदस्य के रूप मे निर्वाचित हुए. कौशिक ने प्रदेश भाजपा के मुख्य सचेतक के रूप में काम किया है. साथ ही वर्ष 2012 से 2017 तक विधानमण्डल के उप नेता प्रतिपक्ष भी रहे हैं. हरिद्वार की जनता का कौशिक पर भरोसा 2017 में भी कायम रहा और चौथी बार वे इस सीट से विधायक बने. कौशिक की कार्यकुशलता को देखते हुए संगठन ने उनको उत्तराखण्ड सरकार में एक बार फिर कैबिनेट मंत्री का दायित्व दिया.

मदन कौशिक भाजपा के एक मंझे हुए राजनीतिज्ञ हैं. वे एक ऐसे राजनेता हैं जिनपर ना केवल राज्य सरकार बल्कि केंद्र सरकार को भी भरोसा है. इनकी कुशल नेतृत्व क्षमता के सामने राजनीतिक के बड़े-बड़े दिग्गज भी नतमस्तक हैं. त्रिवेन्द्र सिंह रावत सरकार में इनके
शहरी विकास मंत्री बनने के बाद देहरादून शहर को स्मार्ट सिटी के तौर पर तेजी से विकसित करने के प्रयासों में तेजी आयी है. आबादी के दवाब को कम करने के लिये लगभग 4 हजार हेक्टेयर में लैंड बैंक बनाने के प्रयास किये जा रहे है. वर्ष 2020 तक देहरादून को पाइप्ड सीएनजी भी उपलब्ध हो जायगी. साथ ही मनोज सौंग बांध से देहरादून को ग्रेविटी आधारित पेयजल उपलब्ध करवाने और रिस्पना को ऋषिपर्णा के स्वरूप में लाने के भी प्रयास कर रहे हैं. हरिद्वार महाकुम्भ मेला-2021 को निर्विघ्न एवं सकुशल सम्पन्न कराने के लिए मदन कौशिक अभी से जुट गए हैं.

वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के लिए अमित शाह ने जो समिति गठित की थी, उसमें मदन कौशिक को भी जगह दी गयी थी. उनकी कुशल प्रबंधन क्षमता को देखते हुए उन्हें ओडिशा चुनाव प्रबंधन की ज़िम्मेदारी भी सौंपी गयी थी. वर्ष 2012 में मदन कौशिक को उत्कृष्ट
विधायक पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है. 13 अप्रैल, 2018 को हाउस आफ कॉमन्स (ब्रिटिश पार्लियामेंट) लन्दन द्वारा राष्ट्र और व्यक्तिगत उपलब्धियों एवं विशिष्ट सेवाओं के लिए उन्हें ‘‘भारत गौरव सम्मान’’ से सम्मानित किया गया.

फेम इंडिया मैगजीन- एशिया पोस्ट के “सर्वश्रेष्ठ मंत्री 2019 सर्वे” में उत्तराखंड के शहरी विकास और आवास मंत्री मदन कौशिक ‘सरोकार’ कैटेगरी में सर्वश्रेष्ठ मंत्री के तौर पर चुने गये हैं.