देश की राजनीति के महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाते गौरव गोगोई

गौरव गोगोई उन चुनिंदा सांसदों में से एक हैं जो पहली बार सांसद बनने के बावजूद दिल्ली के राजनीतिक गलियारों में अपनी पहचान बनाने में सफल रहे हैं। ये असम के कालियाबोर से कांग्रेस के लोकसभा सांसद हैं. महज कुछ वर्ष के राजनीतिक करियर में इन्हें पार्टी के भरोसेमंद युवा राजनेता में गिना जाने लगा है। गौरव को एक काबिल नेता, कुशल जनप्रतिनिधि और प्रखर वक्ता के तौर पर जाना जाता
है। संसद में होने वाली चर्चाओं के साथ-साथ वह टीवी पर भी स्थानीय और राष्ट्रीय मुद्दों पर कांग्रेस की बात को मजबूती से रखते नज़र आते हैं।

4 सितम्बर 1986 को दिल्ली में जन्मे गौरव गोगोई जब राजनीति में उतरे तब उनकी पहचान एक मुख्यमंत्री के बेटे के रूप में थी. लेकिन गौरव अपनी अलग
पहचान बनाने के लिए दृढ़ संकल्पित थे. धीरे-
धीरे गौरव लोगों के बीच लोकप्रिय होने लगे हालांकि गौरव गोगोई को राजनीति में आये महज 3 साल ही हुए थे लेकिन कांग्रेस पार्टी ने 2014 के लोकसभा चुनाव में गौरव को असम के कलियाबोर से मैदान में उतार दिया. बीजेपी लहर के बाजवूद चुनाव जीतकर गौरव ने अपनी पार्टी का भरोसा कायम रखा.

गौरव गोगोई ने दिल्ली की इन्द्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी से बीटेक किया है और न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी से पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त की है. राजनीती में उतरने के पहले इन्होंने एयरटेल और ‘प्रवाह’ नाम का एनजीओ में काम किया है.
गौरव के लेख सेंटर फॉर पीस एंड डेवलपमेंट स्टडीज द्वारा भी प्रकाशित किया जा चुका है। इन्हें वर्ष 2017 में फेम इंडिया एशिया पोस्ट सर्वे में श्रेष्ठ सांसद अवार्ड के लिए चुना गया था